Home » Kahaniya/ Stories (page 4)

Kahaniya/ Stories

सेवा का आदर्श | Seva ka Adarsh

dharmik

सेवा का आदर्श | Seva ka Adarsh एक बार युधिष्ठिर ने राजसूर्य यज्ञ करवाया| बहुत-से लोगों को आमंत्रित (invite) किया| भगवान श्रीकृष्ण (bhagwan shri krishan ji) भी आए| उन्होंने युधिष्ठिर से कहा – “सब लोग काम कर रहे हैं| मुझे भी कोई काम दे दीजिए|” युधिष्ठिर (yudhisthir) ने उनकी ओर देखकर कहा – “आपके लिए हमारे पास कोई काम (work) नहीं ...

Read More »

दोस्ती | Dosti

dharmik

दोस्ती | Dosti दो मित्र थे| वे बड़े ही बहादुर (brave) थे| उनमें से एक ने अपने बादशाह (king) के अन्याय के विरुद्ध आवाज उठाई| बादशाह बड़ा ही कठोर और बेरहम था| उसको जब मालूम हुआ तो उसने उस नौजवान को फांसी के तख्ते पर लटका देने की आज्ञा दी| नौजवान ने बादशाह से कहा – “आप जो कर रहे ...

Read More »

आज ही क्यों नहीं ? | Aaj hi kyon nahi

dharmik

आज ही क्यों नहीं ? | Aaj hi kyon nahi | Why not today ? एक बार की बात है कि एक शिष्य अपने गुरु का बहुत आदर-सम्मान किया करता था |गुरु भी अपने इस शिष्य से बहुत स्नेह करते थे लेकिन वह शिष्य अपने अध्ययन के प्रति आलसी (lazy) और स्वभाव से दीर्घसूत्री था | सदा स्वाध्याय से दूर भागने ...

Read More »

स्वयं भगवान राम ने बनाई थी पापों से मुक्त कराने वाली इस मूर्ति को | Svayam Bhagwan Shri Ram ji ne banai thi paapo se mukti karne wali is murti ko

dharmik

स्वयं भगवान राम ने बनाई थी पापों से मुक्त कराने वाली इस मूर्ति को | Svayam Bhagwan Shri Ram ji ne banai thi paapo se mukti karne wali is murti ko दुर्गादत्त के पास ज्ञान (knowledge) के अलावा कुछ नहीं था पर राजा को यह सूचना (king got the news) मिली थी कि दुर्गादत्त को हीरे-मोतियों से भरा खजाना मिला है. ...

Read More »

गुड़ की मिठास | Sweetness of Gudd

dharmik

गुड़ की मिठास | Sweetness of Gudd एक गांव (village) में एक साधू महात्मा रहते थे, सारा गांव उनका भक्त था. सुबह-सुबह वे अपनी कुटिया के बाहर टहल रहे थे तभी एक वृद्ध महिला (old lady) अपने छः साल के बच्चे को उनके पास लेकर आई और महात्मा जी से विनम्र निवेदन करने लगी कि उसका नाती बहुत ज्यादा गुड़ खाता ...

Read More »

प्रेरक प्रसंग – बहुत गँवाकर भी कोई मनुष्य अन्त में सँभल जाता है तो वह भी बुद्धिमान ही माना जाता है| | Prerak Prasang: bahut gawankar bhi koi manushya ant mein sambhal jata hai to budhiman hi mana jata hai

dharmik

प्रेरक प्रसंग – बहुत गँवाकर भी कोई मनुष्य अन्त में सँभल जाता है तो वह भी बुद्धिमान ही माना जाता है| | Prerak Prasang: bahut gawankar bhi koi manushya ant mein sambhal jata hai to budhiman hi mana jata hai एक राजा (king) वन भ्रमण के लिए गया। रास्ता भूल जाने पर भूख प्यास (hungry) से पीड़ित वह एक वनवासी की ...

Read More »

सब्जीवाला लड़का | Sabjiwala ladka

dharmik

सब्जीवाला लड़का | Sabjiwala ladka शाम का समय था। बच्चे सड़को (roads) पर खेल रहे थे। कोई पहिया घुमा रहा था। कोई साईकिल (cycle) चला रहा था। कोई गुल्ली डंडा खेल रहा था तो कोई पंतग (flying kites) उड़ने में व्यस्त था। सब मज़े कर रहे थे। मैं अपने घर में बैठा था और प्रसादजी की एक कहानी (story) पढ़ रहा ...

Read More »

श्रेष्ट विचार मनुष्य को प्रसन्न एवं सुखी बनाते हैं | Shresth vichaar manusha ko prassan evam sukhi banate hai

dharmik

श्रेष्ट विचार मनुष्य को प्रसन्न एवं सुखी बनाते हैं| Shresth vichaar manusha ko prassan evam sukhi banate hai एक संत सदा प्रसन्न (happy) रहते थे | वह हर बात पर ठहाके (laugh) लगते रहते , कुछ चोरो को यह बात अजीब सी लगाती थी | वह समझ नही पते थे की कोई व्यक्ति (person) हर समय इतना खुश कैसे रह ...

Read More »

शिव-पार्वती के प्रेम को समर्पित हरितालिका तीज की व्रत कथा और पूजन विधि – bhagwan shri shivji aur mata parvati ji ke prem ko samarpit hartalika teej ki vrat kathaevam poojan vidhi

dharmik

शिव-पार्वती के प्रेम को समर्पित हरितालिका तीज की व्रत कथा और पूजन विधि – bhagwan shri shivji aur mata parvati ji ke prem ko samarpit hartalika teej ki vrat kathaevam poojan vidhi उत्तर भारत (north india) में बड़ी धूमधाम के साथ आज हरियाली तीज, जिसे हरितालिका तीज के नाम से भी जाना जाता है, का त्यौहार (festival) मनाया जा रहा है. ...

Read More »

जानिए भगवान गणेश के प्रतीक चिन्हों का पौराणिक रहस्य – shri bhagwan shri ganesh ji ke prateek chinho ka pauranik rahasya

ganesh

जानिए भगवान गणेश के प्रतीक चिन्हों का पौराणिक रहस्य- shri bhagwan shri ganesh ji ke prateek chinho ka pauranik rahasya गणेश जी (shri ganesh ji) को ऋद्धि-सिद्धि का दाता कहा जाता है. गणों के स्वामी होने के कारण उनका एक नाम गणपति भी है. देवी-देवताओं में प्यारे गणेश जी का मस्तक तो हाथी (elephant head) का है लेकिन वह सवारी ...

Read More »